सूरह अल-मुतफ़्फ़िफ़ीन

وَإِذَا ٱنقَلَبُوٓا۟ إِلَىٰٓ أَهْلِهِمُ ٱنقَلَبُوا۟ فَكِهِينَ

Wa iżanqalabū ilā ahlihimunqalabū fakihīn(a).

और जब अपने लोगों की ओर पलटते है तो चहकते, इतराते हुए पलटते थे,

सभी आयत 36 आयत
आज ही पढ़ना शुरू करें

क़ुरआन पढ़ना अपनी दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाएं। क़ुरआन टुडे आपको विकर्षणों के बिना पढ़ना जारी रखने में मदद करता है, एक सरल, तेज़, निजी और आरामदायक अनुभव के साथ।