सूरह अल-मुद्दस्सिर
ثُمَّ يَطْمَعُ أَنْ أَزِيدَ
Ṡumma yaṭma‘u an azīd(a).
फिर वह लोभ रखता है कि मैं उसके लिए और अधिक दूँगा
सभी आयत 56 आयत
ثُمَّ يَطْمَعُ أَنْ أَزِيدَ
Ṡumma yaṭma‘u an azīd(a).
फिर वह लोभ रखता है कि मैं उसके लिए और अधिक दूँगा
क़ुरआन पढ़ना अपनी दैनिक दिनचर्या का हिस्सा बनाएं। क़ुरआन टुडे आपको विकर्षणों के बिना पढ़ना जारी रखने में मदद करता है, एक सरल, तेज़, निजी और आरामदायक अनुभव के साथ।