सूरह या-सीन
وَجَآءَ مِنْ أَقْصَا ٱلْمَدِينَةِ رَجُلٌ يَسْعَىٰ قَالَ يَـٰقَوْمِ ٱتَّبِعُوا۟ ٱلْمُرْسَلِينَ
Wa jā'a min aqṣal-madīnati rajuluy yas‘ā qāla yā qaumittabi‘ul-mursalīn(a).
इतने में नगर के दूरवर्ती सिरे से एक व्यक्ति दौड़ता हुआ आया। उसने कहा, "ऐ मेरी क़ौम के लोगो! उनका अनुवर्तन करो, जो भेजे गए है।
📝 टिप्पणी
639) कुछ मुफ़स्सिरों (व्याख्याकारों) के अनुसार, उस व्यक्ति का नाम हबीब अन-नज्जार था।
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