सूरह यूसुफ

قَالُوا۟ فَمَا جَزَٰٓؤُهُۥٓ إِن كُنتُمْ كَـٰذِبِينَ

Qālū famā jazā'uhū in kuntum kāżibīn(a).

उन्होंने कहा, "यदि तुम झूठे सिद्ध हुए तो फिर उसका दंड क्या है?"

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