सूरह अल-कहफ़
وَإِذْ قَالَ مُوسَىٰ لِفَتَىٰهُ لَآ أَبْرَحُ حَتَّىٰٓ أَبْلُغَ مَجْمَعَ ٱلْبَحْرَيْنِ أَوْ أَمْضِىَ حُقُبًا
Wa iż qāla mūsā lifatāhu lā abraḥu ḥattā abluga majma‘al-baḥraini au amḍiya ḥuqubā(n).
याद करो, जब मूसा ने अपने युवक सेवक से कहा, "जब तक कि मैं दो दरियाओं के संगम तक न पहुँच जाऊँ चलना नहीं छोड़ूँगा, चाहे मैं यूँ ही दीर्धकाल तक सफ़र करता रहूँ।"
📝 टिप्पणी
451) कुछ मुफ़स्सिरों (व्याख्याकारों) के अनुसार, उस व्यक्ति का नाम यूशा बिन नून था, जो बनी इसराईल के प्रमुखों में से एक थे।
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